देश में 191 दिन में कोविड-19 के सबसे कम उपचाराधीन मरीज

covid 19

Corona Virus Drugs(IMAGE FROM GOOGLE)

भारत में एक दिन में कोविड-19 के 26,041 नए मामले सामने आने के बाद देश में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3,36,78,786 हो गई। वहीं, उपचाराधीन मरीजों की संख्या कम होकर 2,99,620 हुई, जो 191 दिन में सबसे कम संख्या है।

केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से सुबह आठ बजे जारी किए गए अद्यतन आंकड़ों के अनुसार, संक्रमण से 276 और लोगों की मौत के बाद मृतक संख्या बढ़कर 4,47,194 हो गई। देश में अभी 2,99,620 लोगों का कोरोना वायरस संक्रमण का इलाज चल रहा है, जो कुल मामलों का 0.89 प्रतिशत है। पिछले 24 घंटे में उपचाराधीन मरीजों की संख्या में कुल 3,856 की कमी दर्ज की गई। मरीजों के ठीक होने की राष्ट्रीय दर 97.78 प्रतिशत है।

आंकड़ों के अनुसार, पिछले 92 दिन से एक दिन में कोविड-19 के 50 हजार से कम नए मामले सामने आ रहे हैं। दैनिक संक्रमण दर 2.24 प्रतिशत है, जो पिछले 28 दिनों से तीन प्रतिशत से कम है। वहीं, साप्ताहिक संक्रमण दर 1.94 प्रतिशत है, जो पिछले 94 दिन से तीन प्रतिशत से कम बनी हुई है। अभी तक कुल 3,29,31,972, लोग संक्रमण मुक्त हो चुके हैं, जबकि मृत्यु दर 1.33 प्रतिशत है। राष्ट्रव्यापी टीकाकरण मुहिम के तहत अभी तक कोविड-19 रोधी टीकों की 86 करोड़ से अधिक खुराक दी जा चुकी है।

देश में पिछले साल सात अगस्त को संक्रमितों की संख्या 20 लाख, 23 अगस्त को 30 लाख और पांच सितंबर को 40 लाख से अधिक हो गई थी। वहीं, संक्रमण के कुल मामले 16 सितंबर को 50 लाख, 28 सितंबर को 60 लाख, 11 अक्टूबर को 70 लाख, 29 अक्टूबर को 80 लाख और 20 नवंबर को 90 लाख के पार चले गए थे। देश में 19 दिसंबर को ये मामले एक करोड़ के पार, इस साल चार मई को दो करोड़ के पार और 23 जून को तीन करोड़ के पार चले गए थे।

आंकड़ों के अनुसार, देश में पिछले 24 घंटे में जिन 276 लोगों की मौत संक्रमण से हुई, उनमें से केरल के 165 और महाराष्ट्र के 36 लोग थे। देश में संक्रमण से अभी तक कुल 4,47,194 लोगों की मौत हुई है, जिनमें से महाराष्ट्र के 1,38,870, कर्नाटक के 37,726, तमिलनाडु के 35,490 , दिल्ली के 25,085 , केरल के 24,603 , उत्तर प्रदेश के 22,890 और पश्चिम बंगाल के 18,736 लोग थे।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि अभी तक जिन लोगों की मौत हुई है, उनमें से 70 प्रतिशत से ज्यादा मरीजों को अन्य बीमारियां भी थीं। मंत्रालय ने अपनी वेबसाइट पर बताया कि उसके आंकड़ों का भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के आंकड़ों के साथ मिलान किया जा रहा है।

 

TEXT-PTI

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published.